PM Atal Pension Yojana 2025: अटल पेंशन योजना (APY) भारत सरकार की एक सामाजिक सुरक्षा योजना है जो खासतौर पर असंगठित क्षेत्र में काम करने वाले नागरिकों को ध्यान में रखकर शुरू की गई है। इस योजना का उद्देश्य बुढ़ापे में आर्थिक सुरक्षा देना है, जिससे 60 वर्ष की आयु के बाद हर पात्र व्यक्ति को ₹1,000 से ₹5,000 तक मासिक पेंशन सुनिश्चित हो सके। 18 से 40 वर्ष के बीच का कोई भी भारतीय नागरिक, जिसके पास एक वैध बचत खाता है, इस योजना में नामांकन कर सकता है।
योजना में किए गए योगदान ग्राहक की आयु और चयनित पेंशन राशि पर आधारित होते हैं। साथ ही, ऑटो-डेबिट की सुविधा के माध्यम से तय रकम हर महीने अपने आप बैंक खाते से कट जाती है। यदि ग्राहक की मृत्यु 60 वर्ष से पहले हो जाती है, तो उनके पति या पत्नी को विकल्प दिया जाता है कि वे खाते को जारी रखें या संचित राशि निकाल लें।
यह योजना न केवल व्यक्ति विशेष को वृद्धावस्था में आत्मनिर्भर बनाती है, बल्कि परिवार के लिए भी सुरक्षा का साधन है। आज लाखों लोग इस योजना का लाभ ले रहे हैं और सरकार इसे राष्ट्रीय स्तर पर बढ़ावा दे रही है।
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PM Atal Pension Yojana 2025
भारत में बड़ी संख्या में ऐसे नागरिक हैं जो असंगठित क्षेत्र में काम करते हैं जैसे मजदूर, ऑटो रिक्शा चालक, घरेलू काम करने वाले, या फिर छोटे व्यवसायी। इन लोगों के पास रिटायरमेंट के बाद आय का कोई स्थायी स्रोत नहीं होता। इसी समस्या को समझते हुए केंद्र सरकार ने वर्ष 2015 में “अटल पेंशन योजना” की शुरुआत की।
इसका उद्देश्य था कि बुढ़ापे में इन लोगों को एक स्थायी और निश्चित पेंशन दी जा सके जिससे वे आत्मनिर्भर और सम्मानजनक जीवन जी सकें।
योजना को प्रधानमंत्री जनधन योजना और अन्य सामाजिक सुरक्षा योजनाओं से जोड़ा गया ताकि देश के हर कोने तक इसकी पहुंच हो सके। इसका क्रियान्वयन पेंशन फंड नियामक एवं विकास प्राधिकरण (PFRDA) द्वारा किया जाता है।
अटल पेंशन योजना का सबसे बड़ा लाभ
इस योजना का सबसे बड़ा लाभ यह है कि इसमें शामिल होने के लिए कोई विशेष योग्यता की आवश्यकता नहीं होती, केवल कुछ सामान्य शर्तें पूरी करनी होती हैं। आवेदनकर्ता की आयु 18 से 40 वर्ष के बीच होनी चाहिए और उनके पास एक सक्रिय बचत खाता होना अनिवार्य है। अगर आप सरकारी नौकरी में नहीं हैं और EPF (Employees’ Provident Fund) या NPS (National Pension Scheme) जैसे अन्य रिटायरमेंट फंड का लाभ नहीं ले रहे हैं, तो यह योजना आपके लिए अत्यंत लाभदायक है।
अटल पेंशन योजना पेंशन राशि
अटल पेंशन योजना में आपको ₹1000, ₹2000, ₹3000, ₹4000 और ₹5000 तक की मासिक पेंशन चुनने का विकल्प मिलता है। जितनी अधिक पेंशन आप चुनते हैं, उतना ही अधिक आपको हर महीने योगदान देना होगा। ये योगदान आपके बैंक खाते से ऑटो-डेबिट के माध्यम से हर महीने कटता है ताकि आपको भुगतान की चिंता न करनी पड़े।
उदाहरण के लिए, अगर कोई व्यक्ति 18 वर्ष की आयु में ₹5000 की पेंशन योजना चुनता है, तो उसे हर महीने मात्र ₹210 का योगदान देना होगा। वहीं अगर कोई व्यक्ति 40 वर्ष की आयु में यही पेंशन चाहता है, तो उसे ₹1,318 प्रति माह जमा करना होगा। इसका स्पष्ट अर्थ है कि जितनी जल्दी आप योजना में शामिल होंगे, उतना कम योगदान देकर आप अधिक लाभ ले पाएंगे।
अटल पेंशन कब और कैसे मिलती है
60 वर्ष की आयु पूरी करने के बाद ही ग्राहक को मासिक पेंशन मिलनी शुरू होती है। इसके बाद, जब तक वह जीवित रहता है, उसे तय पेंशन राशि हर महीने मिलती रहती है। यदि ग्राहक की मृत्यु हो जाती है, तो उसका जीवनसाथी उसी राशि की पेंशन प्राप्त कर सकता है। यदि दोनों की मृत्यु हो जाती है, तो नामित व्यक्ति को संचित राशि एकमुश्त भुगतान के रूप में मिल जाती है।
अटल पेंशन योजना की सफलता और आँकड़े
सरकार द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, अप्रैल 2025 तक देशभर में लगभग 7.65 करोड़ से अधिक लोग इस योजना में शामिल हो चुके हैं और योजना के तहत कुल संचित राशि ₹45,974 करोड़ से अधिक हो चुकी है। यह दर्शाता है कि लोग इस योजना पर भरोसा कर रहे हैं और अपने भविष्य की सुरक्षा को लेकर जागरूक हो चुके हैं।
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